रांची: रांची के तमाड़ प्रखंड क्षेत्र के सारमाली गांव में आयोजित नव दिवसीय रामचरितमानस कथा एवं प्रवचन कार्यक्रम का समापन भव्य कलश यात्रा के साथ श्रद्धा और उत्साह के माहौल में संपन्न हुआ। इस दौरान पूरा गांव भक्ति और आस्था में डूबा नजर आया।
आयोजन के अंतिम दिन निकाली गई कलश यात्रा में गांव के सैकड़ों महिला एवं पुरुष श्रद्धालुओं ने भाग लिया। महिलाएं सिर पर कलश लेकर पारंपरिक वेशभूषा में शामिल हुईं, जबकि पुरुष श्रद्धालु भजन-कीर्तन करते हुए पूरे मार्ग में धार्मिक माहौल बनाते चले। यात्रा के दौरान जय श्रीराम के नारों से पूरा क्षेत्र गूंज उठा।
यह धार्मिक आयोजन लगातार नौ दिनों तक चला, जिसमें प्रतिदिन रामचरितमानस कथा एवं प्रवचन का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का संचालन पंडित ललन मिश्रा और धर्मेंद्र मिश्रा की अगुवाई में किया गया। सुबह और शाम की आरती में बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल होते रहे।
कलश यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं ने निकटवर्ती नदी से जल भरकर मंदिर प्रांगण तक लाया और विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना की। समापन अवसर पर मंदिर परिसर में हवन कुंड का आयोजन किया गया, जिसमें श्रद्धालुओं ने आहुति देकर गांव की सुख-शांति और समृद्धि की कामना की।
ग्रामीणों ने बताया कि पूरे नौ दिनों तक गांव में पूरी तरह धार्मिक और सात्विक वातावरण बना रहा। इस दौरान सभी लोगों ने मांस-मछली का त्याग कर धार्मिक नियमों का पालन किया।
कार्यक्रम को सफल बनाने में गांव के सभी ग्रामीणों की अहम भूमिका रही और पूरे आयोजन ने सामाजिक एकता और धार्मिक आस्था का सुंदर उदाहरण पेश किया।

















